जामा मस्जिद की गलियों से बॉलीवुड तक: पेंटर कफील की रंगों भरी यात्रा अगर आप दिल्ली के जामा मस्जिद के आसपास की भीड़भाड़ वाली गलियों में टहलें, मसालों की खुशबू बिखेरते दुकानदारों
बंजारा कढ़ाई: हजारों यात्राओं की कहानी और वैश्विक फैशन तक उसका सफर ऐसी दुनिया में जहाँ फैशन के रुझान हर मौसम के साथ बदलते रहते हैं, कुछ कलाएँ समय की सीमाओं को
कला इतिहासकार ने सिद्दी समुदाय की अनूठी रजाई कला को पहुंचाया विश्व मंच तक कर्नाटक के बैचवाड़ गांव के एक छोटे से बस्ती में कुछ महिलाएं रंग-बिरंगी रजाइयों के इर्द-गिर्द बैठी हैं। उनके
‘मैं कहीं नहीं जा सकती, लेकिन मेरी गुड़ियाएं दुनिया घूम रही हैं’: राधिका की प्रेरक कहानी कोयंबटूर की राधिका जेए की जिंदगी बचपन में ही बदल गई थी, जब उन्हें पता चला कि वे एक
जब एयरपोर्ट बना कला और आध्यात्मिक विरासत का संगम अत्याधुनिक तकनीक और आधुनिक बुनियादी ढांचे के बीच, नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (एनआईए) एक ऐसी कहानी भी कहने की कोशिश
कैसे एक ज़ीरो-वेस्ट फैशन ब्रांड भूली-बिसरी कलाओं के ज़रिए बिहार की पहचान को नया स्वरूप दे रहा है जब सुमति जालान उच्च शिक्षा के लिए बिहार से बाहर गईं, तो उन्हें अक्सर अपने राज्य को लेकर बनी
रंगों में दर्ज जीवन: अंजोली इला मेनन का आत्मीय पुनरागमन त्रिवेणी कला संगम में आयोजित ‘रीविज़िटेशन्स’ स्मृतियों की एक ऐसी यात्रा की तरह खुलती है, जो वरिष्ठ कलाकार अंजोली इला
कर्नाटक के वैन गॉग: रंगों में बसता बेंगलुरु—रुमाले चन्नाबसवैया को एक जीवंत श्रद्धांजलि बेंगलुरु की बदलती पहचान के बीच कुछ रंग ऐसे हैं, जो समय की सीमाओं को पार कर हमेशा जीवित रहते
चलते धागे: कैसे ‘पद्मा डोरी’ भारत को एक ही बुनावट में पिरो रही है एक ऐसे देश में, जहाँ हर क्षेत्र अपनी पहचान वस्त्रों के माध्यम से व्यक्त करता है, एक नई पहल
मिट्टी, स्मृतियाँ और रंग: ‘भेट’ में जीवित है कृषि की आत्मा ग्रामीण जीवन की सादगी, खेतों की महक और बचपन की यादों को एक साथ पिरोती है ‘भेट’—प्रख्यात कलाकार नवनीत